Aaj Ka Shabd Lambit Gautam Rajrishi Best Poem Jab Mit Gaye Sare Sabut - आज का शब्द: लंबित और गौतम राजऋषि की रचना- जब मिट गये सारे सबूत - News Box India
Connect with us

Hindi

Aaj Ka Shabd Lambit Gautam Rajrishi Best Poem Jab Mit Gaye Sare Sabut – आज का शब्द: लंबित और गौतम राजऋषि की रचना- जब मिट गये सारे सबूत

Published

on


                
                                                             
                            अमर उजाला 'हिंदी हैं हम' शब्द श्रृंखला में आज का शब्द है- लंबित, जिसका अर्थ है- अटका हुआ या कुछ समय के लिए स्थगित। प्रस्तुत है गौतम राजऋषि की रचना- जब मिट गये सारे सबूत
                                                                     
                            

प्रस्ताव अनुमोदित हुआ
अब मामला लंबित हुआ

सब कह दिया आँखों ने जब
तो मन ज़रा हर्षित हुआ

जिन कदमों से रस्ता खुला
उन के लिये वर्जित हुआ

हर फैसला टलता गया
जब-जब दिवस निश्चित हुआ

आगे पढ़ें

2 hours ago



Source link

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You May Also Like

Categories